घटना का वृतचित्र


कल हॉस्पिटल मैं लेटे लेटे टीवी ने ब्रेकिंग न्यूज़ सुनाई की दिल्ली मैं एक लड़की से चलती हुयी बस मैं बलात्कार! मेरे विचार अकस्मात् ही घटना का वृतचित्र बनाने लगे! 5 लोग बस का ड्राईवर, कंडक्टर और 3 उनके बीडी दारु वाले दोस्त खाली गाडी को वापस लाते हुए और शीशे से सड़क पर गुजरते हुए आती जाती महिलाओ को वहसी नज़र से देखते हुए और आपस मैं उसके बारे मैं फूहड़ बाते बोलते हुए चले जा रहे है ! बातों बातों मैं अचानक उनका प्लान बनता है की चलो किसी लड़की को राह से उठा लिया जाए और उसके साथ वो किया जाए जो उनका दिमाग सिर्फ सोच रहा है! एक दो उनमें से इस सब के लिए तैयार नहीं है है लेकिन दुसरे के फट्टू और डरपोक जैसे शब्द बोले जाने पर उनको भी तैश आ जाता है और फिर एक प्लान को वास्तविकता मैं बदलने की कोशिश शुरू हो जाती है, अचानक एक लड़की और एक लड़के को बस का इंतज़ार करते हुए देख उनकी मनोकामना पूरी हो जाती है और परिणाम स्वरुप इस घटना का जनम होता है! यह लोग वो लोग है जिनके अन्दर एक आम आदमी वाली सोच समझ जनम लेते ही दम तोड़ देती है क्यूंकि इन्होने भी अपनी जिंदगी मैं इंसानियत को देखा ही नहीं या कभी समझने की कोशिश ही नहीं करी होती की यह क्या होता है। इनकी सोच विकसित ही नहीं हो पाती सिर्फ अपने आस पास के लोगों से ही यह सब सीखते है और मुझे नहीं लगता की उनके आस पास इतने अच्छे लोग होंगे की जो उन्हें अच्छे और बुरे का फर्क इस तरह से समझा सके की वो उसे समझ सके .

Comments

Popular posts from this blog

MP3 (भाग - 1)

सही गलत

सुनने की कला